भोपाल में गैस का 'खेल', होटल-रेस्टोरेंट को बेचे बिना OTP के सिलिंडर, बुकिंग करने के बाद भी उपभोक्ता परेशान

Updated on 16-04-2026 11:58 AM

, भोपाल। जिले में एलपीजी उपभोक्ता को बुकिंग करने के बाद भी समय पर घरेलू गैस सिलिंडर की आपूर्ति नहीं हो रही है। इस वजह से वह भीषण गर्मी में एजेंसी-गोदाम पर सिलिंडर के लिए लाइन में लगने के लिए मजबूर हैं। दरअसल एजेंसी संचालकों द्वारा बुकिंग वाले उपभोक्ताओं को छोड़कर बिना ओटीपी के सिलिंडर आपूर्ति कर दिए गए हैं। जब गैस कंपनियों ने इसकी जानकारी एजेंसियों से मांगी तो वह रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं करवा पा रहे हैं।

जानकारी के अनुसार भोपाल में साढ़े पांच लाख घरेलू एलपीजी व 40 हजार व्यावसायिक उपभोक्ता हैं, जिनको 40 गैस एजेंसियों के माध्यम से सिलिंडरों की आपूर्ति की जाती है। अभी नये नियमों के अनुसार शहरी क्षेत्र में 25 से 35 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन बुकिंग की सीमा कर दी गई है।

इसके बाद ही ओटीपी आदि आने पर एजेंसी द्वारा उपभोक्ताओं को सिलिंडर आपूर्ति की जाती है। इस व्यवस्था के बाद से होटल, रेस्टोरेंट, हॉकर्स कॉर्नर आदि संचालक घरेलू गैस सिलिंडरों का उपयोग नहीं कर पा रहे थे। ऐसे में संचालकों ने बिना ओटीपी के ही सिलिंडर देना शुरू कर दिया है।

ऐसी एक शिकायत खाद्य विभाग को मिली थी, जिससे खाद्य टीम ने मिनाल रेसीडेंसी स्थित एचपी फिनिक्स गैस एजेंसी पर पहुंचकर निरीक्षण किया और जानकारी मांगी तो पता चला कि बिना ओटीपी के करीब 300 सिलिंडर आपूर्ति कर दिए गए हैं। जिनका एजेंसी के पास कोई रिकॉर्ड ही नहीं है और वह एचपी गैस कंपनी को उपलब्ध भी नहीं करवा पा रहे हैं। इस वजह से कंपनी के द्वारा एजेंसी संचालक को नए सिलिंडर की खैप नहीं दी जा रही है। ऐसे में अब उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ती जा रही है और उनको सिलिंडर नहीं मिल रहा है।

इंडेन की एजेंसियों पर समस्या बरकरार जिले में इंडेन कंपनी के करीब ढाई लाख एलपीजी उपभोक्ता हैं, जबकि 26 से अधिक गैस एजेंसी हैं। अब भी बुकिंग करने में उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और यदि बुकिंग हो रही है तो 10 से 15 दिन पहले सिलिंडर नहीं मिल रहा है। ऐसे में उपभोक्ता गोविंदपुरा स्थित गैस गोदाम, एजेंसियों पर कतार में लगकर सिलिंडर मिलने का इंतजार कर रहे हैं। करोंद जेल रोड स्थित हैप्पी इंडेन पर हर दिन उपभोक्ताओं की लाइन लगी रहती है।

सात दिन का गैस स्टॉक उपलब्ध

जिले में भौरी बकानिया स्थित एलपीजी गैस डिपो में करीब तीन हजार 500 मीट्रिक टन एलपीजी गैस उपलब्ध हैं। इस तरह से अभी छह से सात दिन का स्टॉक मौजूद हैं, जिले में प्रतिदिन 400 से 450 मीट्रिक टन एलपीजी गैस की खपत होती है। जिला आपूर्ति नियंत्रक चंद्रभान सिंह जादौन ने बताया कि एजेंसी संचालकों को नियमानुसार ही सिलिंडर आपूर्ति के निर्देश दिए गए हैं। एचपी फिनिक्स एजेंसी वाले ने बिना ओटीपी के सिलिंडर दिए हैं, जिसकी जांच शुरू कर दी गई है।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 07 September 2026
भोपाल, भोपाल के करोंद में रविवार रात मटकी फोड़ प्रतियोगिता के दौरान हुजूर विधायक रामेश्वर शर्मा के बयान पर सियासत गर्मा गई। उन्होंने मंच से कहा कि “करोंद चौराहे से मिसाइल…
 07 September 2026
भोपाल। फर्जी आईएएस बनकर लोगों से ठगी करने वाली तृप्ति सिंह के मामले में अब एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। उसके साथ वायरल वीडियो में खुद को आइएएस…
 07 September 2026
 भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य के उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने संयुक्त अरब अमीरात के दुबई में अपने चार दिवसीय वैश्विक निवेश एवं व्यापारिक दौरे के…
 07 September 2026
भोपाल : जीआइएस के दौरान शहर में लगाए गए फाउंटेन के कथित घोटाले की जांच में नगर निगम की कार्यप्रणाली पर अब नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने ही सवाल…
 07 September 2026
भोपाल। राजधानी के कोतवाली थाना क्षेत्र में एक बुजुर्ग महिला को निशाना बनाकर ठगी का मामला सामने आया है। नरसिंहगढ़ से इलाज कराने भोपाल आई 62 वर्षीय अशरफी बाई को…
 07 September 2026
नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के निर्देश पर भोपाल के बड़े तालाब की वास्तविक और कागजी सीमा का सच जानने के लिए रविवार को गौहर महल से सघन सर्वे की शुरुआत…
 07 September 2026
मध्य प्रदेश के स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा लागू की जा रही ई-अटेंडेंस व्यवस्था ने अब एक बड़े विवाद का रूप ले लिया है। इस नई प्रणाली के खिलाफ प्रदेश भर…
 07 September 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश में स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर लंबे समय से संघर्ष कर रहे इंटर्न डॉक्टरों का सब्र अब जवाब दे गया है। सरकार के कोरे आश्वासनों से…
 07 September 2026
राजगढ़/भोपाल : मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के ब्यावरा कस्बे के बीच से गुजरी अजनार नदी बेहद प्रदूषित है। पिछले दिनों शहर के एक छात् सुरेंद्र सिंह चौधरी उर्फ बिट्टू…
Advt.