मायावती के अकेले चुनावी मैदान में उतरने के ऐलान का क्या है मतलब, क्या BJP-SP को घेरने की तैयारी

Updated on 19-02-2026 01:37 PM
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर राजनीतिक दलों ने अपने पत्ते खोलने शुरू कर दिए हैं। समाजवादी पार्टी एक बार फिर विधानसभा चुनाव 2027 में कांग्रेस के साथ गठबंधन कर चुनावी मैदान में उतरती दिख सकती है। वहीं, एनडीए में भारतीय जनता पार्टी के साथ राष्ट्रीय लोक दल, अपना दल एस, निषाद पार्टी और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी का एकजुट रहना तय माना जा रहा है। भले ही चुनाव के समय तक कुछ उठापटक होती दिखे, लेकिन आखिर में एनडीए बिहार चुनाव 2025 की तरह एकजुट होकर चुनावी मैदान में उतरती दिख सकती है। वहीं, मायावती ने अपने पत्ते साफ कर दिए हैं। उन्होंने अकेले चुनावी मैदान में उतरने का फैसला कर लिया है। लोकसभा चुनाव 2024 के बाद से मायावती लगातार पार्टी को एक बार फिर जमीन पर मजबूत बनाने की रणनीति पर काम करती दिख रही हैं। ऐसे में विधानसभा चुनाव 2027 पार्टी के लिए अहम माना जा रहा है।

क्या है मायावती की घोषणा?

मायावती ने यूपी चुनाव 2027 को लेकर साफ कर दिया है कि बहुजन समाज पार्टी इसमें अकेले दम पर चुनावी मैदान में उतरेगी। मायावती ने साफ कहा है कि इन दिनों अर्टिफिशियल इंटलीजेंस (एआई) को सफलता की कुंजी बताने की स्वार्थी चर्चाएं चल रही है। इन सबके बीच मीडिया जगत में भी किसी न किसी बहाने बसपा के गठनबंधन में विधानसभा चुनाव लड़ने का भ्रम फैलाया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह फेक न्यूज है। मायावती ने कहा कि कई बार सार्वजनिक तौर पर बसपा के अकेले चुनाव लड़ने की बात कही जा चुकी है।
बसपा प्रमुख ने कहा कि 9 अक्टूबर 2025 को बसपा के संस्थापक कांशीराम की पुण्यतिथि के अवसर पर लखनऊ में आयोजित महारैली में भी इसकी खुली घोषणा हुई थी। इसलिए, अब ऐसी किसी भी चर्चा और बहस की कोई संभावना नहीं बची है। इसके बाद भी भ्रामक खबरों को फैलाया जा रहा है। यह बसपा की छवि को खराब करने की साजिश है।

विपक्षी दलों पर साधा निशाना

बसपा प्रमुख ने विपक्षी दलों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और भारतीय जनता पार्टी की सोच संकीर्ण है। ये लोग संविधान निर्माता बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के विरोधी हैं। इस कारण अनका अंबेडकरवादी बसपा से गठबंधन करने की नीति केवल इनके वोटों का राजनीतिक और चुनावी स्वार्थ है। इनसे गठबंधन करने से बसपा को केवल नुकसान ही होता है।

जमीन पर उतरने की रणनीति

बसपा प्रमुख मायावती ने 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर कैडरों को सक्रिय कर दिया है। बसपा हमेशा कैडर आधारित पार्टी रही है। पार्टी ने जमीनी स्तर से नेतृत्व तैयार प्रदेश में सफलता हासिल की है। बसपा में सफल होने के बाद नेता दूसरों दलों की राह पकड़ते दिखे हैं। ऐसे में पार्टी जमीनी कार्यकर्ताओं के सहारे एक बार फिर खोए जनाधार को पाने की कोशिश में है। इसमें गठबंधन की राजनीति से पार्टी को कोई बड़ा लाभ होता नहीं दिखा। 2019 में सपा के साथ गठबंधन के बाद बसपा के दलित वोटों में बिखराव दिखा।

विधानसभा चुनाव 2022 के दौरान बसपा से छिटके दलित वोटरों ने भाजपा का साथ दिया तो पार्टी ने ऐतिहासिक सफलता दर्ज की। कोई पार्टी लगभग साढ़े तीन दशक बाद लगातार दूसरी बार सत्ता में आने में कामयाब हुई। हालांकि, संविधान को खत्म करने की बात को जनता में स्थापित कर पिछड़ा दलित अल्पसंख्यक यानी पीडीए पॉलिटिक्स के जरिए अखिलेश यादव ने 2024 के लोकसभा चुनाव में खेल किया।

लोकसभा चुनाव में बसपा से छिटककर निकला वोट बैंक सपा के पाले में जाता दिखा तो 2014 के लोकसभा चुनाव से प्रदेश की राजनीति में दमदार प्रदर्शन करती भाजपा को 33 सीटों पर सिमटना पड़ा। सपा 37 और कांग्रेस 6 लोकसभा सीटों पर जीत दर्ज करने में कामयाब हुई। अब बसपा एक बार फिर अपने जनाधार को वापस लाने की कोशिश में है। मायावती की रणनीति कामयाब हुई तो सपा-भाजपा को झटका लग सकता है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 07 March 2026
मेरठ: उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के मवाना इलाके में महिला की लाश मिलने की घटना के बाद सनसनी मच गई थी। अब इस मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। दरअसल,…
 07 March 2026
पटना: बिहार में शनिवार को फिर से सियासी हलचल तेज हो गई है। सीएम नीतीश कुमार राज्यपाल से मिलने राजभवन पहुंचे हैं। हालांकि सीएम हाउस एक अणे मार्ग और राजभवन के…
 07 March 2026
सागर: रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व के घने जंगलों में बीते दिनों मिली विकास सिंह राजपूत की लाश ने पुलिस की नींद उड़ा दी थी। शरीर पर चाकुओं के अनगिनत वार चिल्ला-चिल्ला…
 07 March 2026
नई दिल्ली, भारत को रूस से तेल खरीदने के लिए अमेरिका की ओर से जो 30 दिनों की छूट का एलान किया है, उसपर सियासी घमासान शुरू हो गया है।कांग्रेस पार्टी…
 07 March 2026
कोलकाता, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का धरना शनिवार को लगातार दूसरे दिन भी जारी है। ममता रातभर धरना स्थल पर ही रहीं।ममता ने पश्चिम बंगाल में स्पेशल इंटेसिव रिविजिन…
 06 March 2026
 गाजियाबाद: उत्‍तर प्रदेश के गाजियाबाद में जानलेवा हमले के एक हफ्ते बाद भी चर्चित यूट्यूबर और खुद को 'एक्स मुस्लिम' बताने वाले सलीम वास्तिक की हालत को लेकर संशय बना हुआ…
 06 March 2026
लखनऊ: चुनाव आयोग ने उत्‍तर प्रदेश में चुनाव लड़ने वाले 6 उम्मीदवारों को बैन कर दिया है। इन्होंने चुनाव के बाद खर्च का ब्योरा नहीं दिया था। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO)…
 06 March 2026
बेंगलुरु: बसवेश्वर नगर के एक मशहूर रेस्टोरेंट में बुधवार शाम दो-तीन लोगों ने एक लोन रिकवरी एजेंट की मामूली बात पर हत्या कर दी। एजेंट की गलती बस इतनी थी कि…
 06 March 2026
देहरादून: उत्तराखंड में शुरू होने जा रही चार धाम यात्रा 2026 के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गए हैं। ऑफलाइन पंजीकरण यात्रा शुरू होने से ठीक 2 दिन पहले प्रारंभ कर दिए…
Advt.