भारत ब्रह्मोस का नया वर्जन तैयार कर रहा:रेंज 450-800 किमी तक; दिल्ली से इस्लामाबाद को निशाना बनाया जा सकेगा

Updated on 26-12-2025 12:56 PM
नई दिल्ली, ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान के 6 एयरबेस को तबाह कर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आई भारत की सुपरसोनिक ब्रह्मोस क्रूज मिसाइल अब और भी ताकतवर होने जा रही है। रक्षा सूत्रों के अनुसार ब्रह्मोस की रेंज, रफ्तार और मारक क्षमता को और बेहतर किया जा रहा है।

फिलहाल इसकी रेंज करीब 300 किलोमीटर है, लेकिन नए वर्जन में इसे 450 किलोमीटर से लेकर 800 किलोमीटर तक करने पर काम चल रहा है। इन नई मिसाइलों के आने के बाद दिल्ली से ही पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद को निशाना बनाया जा सकेगा। दिल्ली और इस्लामाबाद की हवाई दूरी 700 किलोमीटर है।

वहीं, ब्रह्मोस का हल्का वर्जन भी बनाया जा रहा है। ब्रह्मोस का करीब ढाई टन वजनी खास वर्जन सुखोई एमकेआई-30 लड़ाकू विमान के नीचे (अंडरबेली) लगाने के लिए तैयार किया गया है। यह वर्जन अब प्रोजेक्ट डिजाइन बोर्ड से मंजूरी के बाद अगले चरण में पहुंच गया है।

अभी ज्यादा रेंज वाली ब्रह्मोस मिसाइल के ग्राउंड ट्रायल की तैयारी चल रही है। इस नए वर्जन के अगले तीन साल में पूरी तरह विकसित होने की उम्मीद है। अगर सब कुछ तय योजना के मुताबिक रहा तो ब्रह्मोस के इस नए वर्जन का पहला परीक्षण 2027 के अंत तक किया जा सकता है।

2016 से चल रही तैयारी, अब 3 रेंज वाले अवतार

ब्रह्मोस दुनिया की सबसे तेज और घातक क्रूज मिसाइलों में गिनी जाती है। यह 'दागो और भूल जाओ' तकनीक पर काम करती है और मैक-3 (ध्वनि की गति 332 मी./सेकेंड से तिगुनी) की रफ्तार से टारगेट पर हमला करती है। इसकी तेज गति के कारण दुश्मन के रडार इसे समय रहते पकड़ नहीं पाते।

ब्रह्मोस एयरोस्पेस 2016 में मिसाइल टेक्नोलॉजी कंट्रोल रिजीम (MTCR) का सदस्य बना। इस रिजीम में 35 देश शामिल हैं। इसके बाद ही ब्रह्मोस की रेंज को 300 किमी से आगे बढ़ाने पर काम शुरू हुआ।

दरअसल, MTCR के नियमों के तहत गैर-सदस्य देशों को 300 किमी से ज्यादा रेंज वाली मिसाइल तकनीक नहीं दी जा सकती, इसलिए पहले ब्रह्मोस की रेंज सीमित थी। अब ऑपरेशन सिंदूर के बाद ब्रह्मोस के 3 नए वर्जन पर काम तेज कर दिया गया है।

इनकी रेंज 450, 600 और 800 किमी तक बढ़ाने की योजना है। वायुसेना के लिए ब्रह्मोस का हल्का संस्करण भी तैयार किया जा रहा है। जमीन और समुद्र से दागी जाने वाली ब्रह्मोस का वजन करीब 3 टन होता है, जिसे वायुसेना के लिए घटाकर लगभग ढाई टन किया जा रहा है।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 07 March 2026
मेरठ: उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के मवाना इलाके में महिला की लाश मिलने की घटना के बाद सनसनी मच गई थी। अब इस मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। दरअसल,…
 07 March 2026
पटना: बिहार में शनिवार को फिर से सियासी हलचल तेज हो गई है। सीएम नीतीश कुमार राज्यपाल से मिलने राजभवन पहुंचे हैं। हालांकि सीएम हाउस एक अणे मार्ग और राजभवन के…
 07 March 2026
सागर: रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व के घने जंगलों में बीते दिनों मिली विकास सिंह राजपूत की लाश ने पुलिस की नींद उड़ा दी थी। शरीर पर चाकुओं के अनगिनत वार चिल्ला-चिल्ला…
 07 March 2026
नई दिल्ली, भारत को रूस से तेल खरीदने के लिए अमेरिका की ओर से जो 30 दिनों की छूट का एलान किया है, उसपर सियासी घमासान शुरू हो गया है।कांग्रेस पार्टी…
 07 March 2026
कोलकाता, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का धरना शनिवार को लगातार दूसरे दिन भी जारी है। ममता रातभर धरना स्थल पर ही रहीं।ममता ने पश्चिम बंगाल में स्पेशल इंटेसिव रिविजिन…
 06 March 2026
 गाजियाबाद: उत्‍तर प्रदेश के गाजियाबाद में जानलेवा हमले के एक हफ्ते बाद भी चर्चित यूट्यूबर और खुद को 'एक्स मुस्लिम' बताने वाले सलीम वास्तिक की हालत को लेकर संशय बना हुआ…
 06 March 2026
लखनऊ: चुनाव आयोग ने उत्‍तर प्रदेश में चुनाव लड़ने वाले 6 उम्मीदवारों को बैन कर दिया है। इन्होंने चुनाव के बाद खर्च का ब्योरा नहीं दिया था। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO)…
 06 March 2026
बेंगलुरु: बसवेश्वर नगर के एक मशहूर रेस्टोरेंट में बुधवार शाम दो-तीन लोगों ने एक लोन रिकवरी एजेंट की मामूली बात पर हत्या कर दी। एजेंट की गलती बस इतनी थी कि…
 06 March 2026
देहरादून: उत्तराखंड में शुरू होने जा रही चार धाम यात्रा 2026 के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गए हैं। ऑफलाइन पंजीकरण यात्रा शुरू होने से ठीक 2 दिन पहले प्रारंभ कर दिए…
Advt.