गोविंदा ने कहा 'क्या करे.. नाचके आए हैं', IPS अफसर ने बताई तब की बात, जब अंडरवर्ल्ड के इशारे पर मजबूर था बॉलीवुड

Updated on 06-11-2025 03:14 PM
साल 1990 के दशक में हिंदी फिल्म इंडस्ट्री किसी हलचल से कम नहीं था। अंडरवर्ल्ड का बॉलीवुड पर पूरा कब्जा था और हर गुजरते साल के साथ, वे मेकर्स, निर्देशक और एक्टर्स पर अपनी पकड़ मजबूत करते जा रहे थे, जो सचमुच दाऊद इब्राहिम, अबू सलेम और उनके जैसे लोगों के इशारों पर नाच रहे थे। 1990 के दशक में ही राम गोपाल वर्मा जैसे फिल्ममेकर्स ने अंडरवर्ल्ड पर बनी फिल्में बनाना शुरू किया और 'सत्या' और 'कंपनी' जैसी फिल्मों को पहचान मिलनी शुरू हुई, लेकिन अगर उस दौर के पुलिस अधिकारी की बात मानी जाए, तो इन फिल्मों पर अंडरवर्ल्ड ने भी पैसे लगाए थे।

एएनआई से बातचीत में, डी शिवानंदन, जो मुंबई में संयुक्त पुलिस आयुक्त (क्राइम) (1998-2001) थे, उन्होंने कहा कि 'सत्या, कंपनी, डैडी, शूटआउट एट वडाला, शूटआउट एट लोखंडवाला जैसी फिल्में गैंगस्टरों की छवि सुधारने के लिए बनाई गई थीं। इन सभी पर उन्हीं लोगों ने पैसे लगाए थे।' राम गोपाल वर्मा की फिल्म कंपनी में मोहनलाल का रोल डी शिवानंदन पर बेस्ड था। उन्होंने यहां तक कहा कि 1970 के दशक की फिल्में, जैसे दीवार और मुकद्दर का सिकंदर भी उन्होंने ही बनवाईं।


अंडरवर्ल्ड फिल्मों की फंडिंग करता था

1990 के दशक की बात करें तो, शिवानंदन ने कहा कि चूंकि अंडरवर्ल्ड फिल्मों की फंडिंग में गहराई से शामिल था, इसलिए हर चीज पर उनका पूरा नियंत्रण था। उन्होंने कहा, 'दाऊद इब्राहिम सभी सिनेमा एक्ट्रेसेस को दुबई बुला सकता था, उन्हें इनाम देकर वापस भेज सकता था।' उन्होंने याद किया कि उन्होंने एक बार एक टॉप एक्टर को 83 संगीतकारों और एक्टर्स के साथ देखा था, जो दाऊद इब्राहिम की बेटी के लिए एक इवेंट करने दुबई गए थे। 'मैंने उन्हें एक फ्लाइट से जाते और वापस आते देखा।'

गोविंदा की बात याद की

शिवनंदन ने बताया कि उस समय एक्टर्स इतने डर में थे कि वे मना नहीं कर सकते थे और पुलिस के पास उनकी सुरक्षा का कोई साधन नहीं था। उन्होंने कहा, 'उनके पास कोई ऑप्शन नहीं था और हमारे पास उनकी सुरक्षा का कोई साधन नहीं था। हमने उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। एक्टर गोविंदा ने स्वीकार किया, 'हम क्या करें? जाके नाच के आएं हैं' हमने कोई कार्रवाई नहीं की।' उन्होंने याद किया कि मेकर्स जानलेवा डर में थे और उन्हें लगता था कि उन्हें खत्म किया जा सकता है। उन्होंने यह भी कहा, 'गुलशन कुमार याद हैं? टी-सीरीज के संस्थापक गुलशन कुमार की दिनदहाड़े सड़कों पर हत्या कर दी गई थी, अंडरवर्ल्ड ही इसके पीछे थे।'

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 26 April 2026
सारंगढ़ बिलाईगढ़। आंगनबाड़ी केंद्र कोतरी में पोषण पखवाड़ा 2026 का समापन कार्यक्रम विगत दिवस किया गया। इस अवसर पर ईसीसीई कार्यक्रम, पालक सम्मेलन, गोद भराई, अन्नप्राशन, न्योता भोज एवं आधार पंजीयन…
 26 April 2026
उत्तर बस्तर कांकेर। जिला बाल संरक्षण इकाई को प्राप्त सूचना के आधार पर ब्लॉक भानुप्रतापपुर के ग्राम पंचायत तुएगहन, थाना कोरर क्षेत्र में प्रस्तावित बाल विवाह पर प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई…
 26 April 2026
दुर्ग, कलेक्टर  अभिजीत सिंह के निर्देशानुसार, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के मार्गदर्शन में आज जिले भर में ’विश्व मलेरिया दिवस’ के अवसर पर विभिन्न जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।…
 26 April 2026
दुर्ग, आगामी नेशनल लोक अदालत को अधिकतम सफल एवं परिणामोन्मुख बनाने के उद्देश्य से राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, दुर्ग के…
 26 April 2026
कोरबा। कलेक्टर  कुणाल दुदावत के निर्देशन में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिले के सभी औद्योगिक प्रतिष्ठानों की बैठक आयोजित की गई। अपर कलेक्टर  ओंकार यादव ने सक्ती जिले के ग्राम सिंघीतरई…
 26 April 2026
गरियाबंद। जिले में जल शक्ति अभियान के अंतर्गत जल संचयन और संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए जिला स्तरीय महाभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में कलेक्टर  बी.एस. उइके ने…
 26 April 2026
धमतरी। जिले के बीसीएस पीजी कॉलेज परिसर में आयोजित दो दिवसीय “युवा फेस्ट-2026” के दूसरे दिन आज उत्साह, रचनात्मकता और युवा ऊर्जा का अनूठा संगम देखने को मिला। कार्यक्रम में मुख्य…
 26 April 2026
धमतरी। जिले में आयोजित युवा फेस्ट में विभिन्न महाविद्यालयों, संस्थाओं और विभागों द्वारा युवाओं को एक ही मंच पर ज्ञान, नवाचार और करियर संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने का सार्थक प्रयास किया…
 26 April 2026
भोपाल। लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम (पाक्सो) के मामलों के पीड़ित की आयु निर्धारित करने के लिए 10वीं कक्षा की मार्कशीट को ही अहम माना जाएगा। यह नहीं होने…
Advt.